आत्मनिर्भर बिहार और आम जनता के सपनों को साकार करने वाला बजट- अजय

आत्मनिर्भर बिहार और आम जनता के सपनों को साकार करने वाला बजट- अजय

सत्येन्द्र कुमार शर्मा

मशरक 22 फरवरी 2021 : अखिल भारतीय ग्राहक पंचायत के प्रदेश सचिव अजय यादव ने बिहार बजट को आत्मनिर्भर बिहार के सपने को साकार करने वाला बताया है, साथ ही कहा है कि बिहार की आम जनता के आर्थिक स्वावलंबन की दिशा में एक बेहतरीन बजट पेश करने के लिए मुख्यमंत्री नीतीश कुमार और उपमुख्यमंत्री सह वित्तमंत्री तारकिशोर प्रसाद को बधाई एवं धन्यवाद दिया है।
श्री यादव ने कहा कि वर्ष 2020-2025 में सरकारी एवं गैर सरकारी क्षेत्र में रोजगार के 20 लाख से ज्यादा नये अवसर सृजित किए जाएँगे। इस हेतु उद्योग विभाग के वित्तीय वर्ष 2021- 22 में 200 करोड़ रूपये के व्यय का उपबंध किया गया है। नया उद्यम अथवा व्यवसाय के लिए परियोजना लागत का 50 प्रतिशत, अधिकतम 5 लाख रूपये तक का अनुदान दिया जाएगा तथा अधिकतम 5 लाख मदद किया जाएगा। हर जिले में कम से कम एक मेगा स्किल सेंटर खोला जाएगा।

श्री यादव ने कहा कि भारत के प्रधानमन्त्री नरेंद्र मोदी एवं राज्य के मुख्यमंत्री नीतीश कुमार के नेतृत्व में कोविड- 19 से सफलता पूर्वक संघर्ष करते हुए हमारा बिहार बाहर निकल आया हैं। कोविड के बाद से पूरे दौर में देश और बिहार की अर्थव्यवस्था का जिस बेहतरी से संचालन किया गया है वह दुनिया में एक मिसाल से कम नहीं है। यह बजट संतुलित है और सभी वर्गों के हित को ध्यान में रखकर बनाया गया है। वर्ष 2005 से अब तक राज्य की अर्थव्यवस्था में विकास दर डबल डिजिट में रही है। उसे यह बजट और गति देकर बिहार के विकास का नया मानदंड स्थापित करेगा।

श्री यादव ने बिहार बजट की चर्चा करते हुए कहा कि लॉकडाउन के कारण समस्याग्रस्त आम आदमी, उद्योग एवं व्यापार, किसान, श्रमिक एवं पशुधन आदि प्रक्षेत्रों को सहायता देने के लिए भारत सरकार द्वारा तीन चरणों में करीब 27.10 लाख करोड़ के आत्मनिर्भर भारत पैकेज की घोषणा की गयी थी। कोरोना लॉकडाउन के कारण आर्थिक कठिनाई का सामना कर रहे गरीब लोगों को डी०बी०टी के माध्यम से 1.64 करोड़ राशनकार्डधारी के खाते में 1000 रुपये प्रति कार्डधारी अंतरित किया गया। इस मद में 1600 करोड़ रुपये से अधिक का भुगतान किया गया।

Next Post

सत्याग्रह साहित्य सम्मान- 2021 का किया गया आयोजन

Tue Feb 23 , 2021
Share on Facebook Tweet it Pin it सत्याग्रह साहित्य सम्मान- 2021 का किया गया आयोजन विकाश कुमार राय मोतिहारी: ख्वाब […]

मुख्य संपादक: विकाश कुमार राय

“अपना परिचय देना, सिर्फ अपना नाम बताने तक सीमित नहीं रहता; ये अपनी बातों को शेयर करके और अक्सर फिजिकल कांटैक्ट के जरिये किसी नए इंसान के साथ जुड़ने का तरीका है। किसी अजनबी इंसान के सामने अपना परिचय देना काफी कठिन हो सकता है, क्योंकि आप उस वक़्त पर जो भी कुछ बोलते हैं, वो उस वक़्त की जरूरत पर निर्भर करता है।”

Quick Links